हिमाचल की पंचायतों के लिए बड़ा फैसला! अब लाखों रुपये तक की खरीदारी की मिली छूट, जानिए किस फंड से होगा भुगतान


पूरी खबर:
हिमाचल प्रदेश की पंचायतों के लिए सरकार ने एक अहम फैसला लिया है। अब प्रदेश की पंचायतें तीन लाख रुपये तक का फर्नीचर खरीद सकेंगी। इस खरीद का भुगतान अनटाइड ग्रांट से किया जा सकेगा। इससे पंचायतों को अपने कार्यालयों और आवश्यक व्यवस्थाओं के लिए फर्नीचर उपलब्ध कराने में सुविधा होगी।
बताया गया है कि यह व्यवस्था 16वें वित्त आयोग से मिलने वाली अनटाइड ग्रांट के उपयोग से जुड़ी है। इस राशि का इस्तेमाल पंचायतें स्थानीय जरूरतों के अनुसार कर सकेंगी। इसी के तहत अब निर्धारित सीमा तक फर्नीचर की खरीद को भी मंजूरी दी गई है।
नई व्यवस्था के बाद पंचायतों में जरूरी फर्नीचर जैसे कुर्सियां, टेबल और अन्य कार्यालय संबंधी सामान खरीदने का रास्ता आसान होगा। इससे पंचायत कार्यालयों में कामकाज के लिए जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी।
अनटाइड ग्रांट का उद्देश्य पंचायतों को स्थानीय स्तर पर जरूरी विकास और सुविधाओं से जुड़े कार्यों के लिए वित्तीय स्वतंत्रता देना है। अब फर्नीचर खरीद को भी इसके दायरे में शामिल किए जाने से पंचायतों को अपनी जरूरत के हिसाब से राशि का इस्तेमाल करने का अवसर मिलेगा।
हालांकि, खरीदारी करते समय निर्धारित वित्तीय नियमों और प्रक्रिया का पालन करना होगा। पंचायतें मनमाने तरीके से राशि खर्च नहीं कर सकेंगी, बल्कि तय नियमों के अनुसार ही फर्नीचर की खरीद की जाएगी।
सरकार के इस फैसले से प्रदेश की पंचायतों को अपने कार्यालयों की व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने में मदद मिलने की उम्मीद है। खासतौर पर उन पंचायतों के लिए यह व्यवस्था उपयोगी होगी जहां कार्यालयों में फर्नीचर की कमी है या पुराना सामान बदलने की जरूरत है।




