शिमला रिश्वत मामले में आयकर अधिकारी से सात घंटे पूछताछ, CBI ने आज फिर बुलाया; रिकॉर्डिंग और दस्तावेजों पर सवाल

पूरी खबर:
शिमला में रिश्वत के आरोप से जुड़े मामले में आयकर अधिकारी से सीबीआई ने करीब सात घंटे तक पूछताछ की। हाईकोर्ट से अंतरिम राहत मिलने के बाद अधिकारी मंगलवार को वकील के साथ सीबीआई कार्यालय पहुंचे, जहां भ्रष्टाचार निरोधक शाखा ने उनसे मामले से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर सवाल-जवाब किए। अधिकारी को बुधवार को दोबारा पूछताछ के लिए बुलाया गया है।
अधिकारी सुबह करीब 11:30 बजे सीबीआई कार्यालय पहुंचे और शाम करीब 6:30 बजे तक उनसे पूछताछ चली। जांच के दौरान शिकायत के सत्यापन में तैयार डिजिटल वॉयस रिकॉर्डर की ऑडियो क्लिप और मामले से जुड़ी कथित कॉल रिकॉर्डिंग को पूछताछ का प्रमुख आधार बनाया गया।
सीबीआई ने अधिकारी से नोटिस जारी होने से लेकर बाद में मामले के निपटारे तक हुई बातचीत और घटनाक्रम को लेकर उनकी भूमिका के बारे में जानकारी मांगी। जांच टीम ने रिकॉर्डिंग में सामने आई बातचीत और उपलब्ध डिजिटल साक्ष्यों को लेकर भी स्पष्टीकरण लिया। अधिकारी के जवाबों का अब तक जुटाए गए साक्ष्यों से मिलान किए जाने की बात सामने आई है।
यह मामला सोलन के अर्की क्षेत्र के एक कारोबारी से कथित तौर पर पांच लाख रुपये रिश्वत मांगने के आरोप से जुड़ा है। रिपोर्ट के अनुसार सीबीआई ने 12 सितंबर को भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा 7 के तहत मामला दर्ज किया था। आरोप है कि आयकर देनदारी से जुड़े मामले को निपटाने और रकम कम कराने के बदले रिश्वत मांगी गई थी।
हाईकोर्ट के आदेश के बाद अधिकारी जांच में शामिल हुए हैं। पूछताछ के दौरान सीबीआई ने एफआईआर दर्ज होने के बाद उनकी गतिविधियों और संपर्कों से जुड़ी जानकारी भी ली। अब बुधवार को होने वाली पूछताछ और आगे की जांच में सामने आने वाले तथ्यों पर नजर रहेगी।




