बीपीएल सूची को लेकर बड़ा बदलाव? परिवार पहचान नहीं, अब ग्राम सभा तय करेगी पात्रता; जानें नए दिशा-निर्देश


पूरी खबर:
हिमाचल प्रदेश में बीपीएल परिवारों के चयन को लेकर चल रहे संशय पर ग्रामीण विकास विभाग ने स्थिति स्पष्ट कर दी है। विभाग ने जारी दिशा-निर्देशों में साफ किया है कि परिवार पहचान अभियान के आधार पर किसी नए परिवार को बीपीएल सूची में शामिल नहीं किया जाएगा और न ही मौजूदा बीपीएल परिवार का नाम हटाया जाएगा।
विभाग के अनुसार 19 मार्च 2025 से प्रदेशभर में चल रही परिवार पहचान प्रक्रिया और बीपीएल सूची तैयार करने की प्रक्रिया अलग-अलग और स्वतंत्र व्यवस्थाएं हैं। इसलिए परिवार पहचान अभियान में किसी परिवार का नाम दर्ज होना अपने आप में बीपीएल पात्रता का आधार या प्रमाण नहीं माना जाएगा।
बीपीएल सूची में किसी परिवार को शामिल करने या अपात्र पाए जाने पर सूची से बाहर करने की प्रक्रिया पहले से निर्धारित विभागीय नियमों और ग्राम सभा की सिफारिशों के अनुसार ही होगी। यानी बीपीएल पात्रता तय करने में निर्धारित नियमों के साथ ग्राम सभा की भूमिका महत्वपूर्ण रहेगी।
विभाग ने यह भी स्पष्ट किया है कि परिवार पहचान अभियान में दर्ज मौजूदा जानकारी के कारण पहले से बीपीएल सूची में शामिल परिवारों की स्थिति में कोई बदलाव नहीं किया जाएगा। परिवार पहचान अभियान का इस्तेमाल अन्य सरकारी योजनाओं के लिए लाभार्थियों की पहचान और सत्यापन में किया जा रहा है, लेकिन इसे बीपीएल सूची का आधार नहीं बनाया जाएगा।
विभागीय दिशा-निर्देशों के मुताबिक परिवार पहचान अभियान के तहत चिह्नित परिवारों को मुख्यमंत्री अपना परिवार सुखी परिवार योजना से जोड़ने की प्रक्रिया भी चल रही है। हालांकि, केवल अभियान में नाम दर्ज होने से योजना का लाभ स्वतः नहीं मिलेगा। संबंधित परिवारों का निर्धारित नियमों के अनुसार जमीनी स्तर पर सत्यापन किया जाएगा और पात्र पाए जाने के बाद ही उन्हें लाभार्थी डाटाबेस में शामिल किया जाएगा।
ग्रामीण विकास विभाग ने अधिकारियों और कर्मचारियों को निर्देश दिए हैं कि परिवार पहचान प्रक्रिया को किसी भी स्तर पर बीपीएल चयन या बीपीएल सूची के पुनरीक्षण के रूप में प्रस्तुत न किया जाए। साथ ही सरकार के इस निर्णय की जानकारी निचले स्तर तक पहुंचाने और दिशा-निर्देशों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने को कहा गया है।
यानी साफ है कि परिवार पहचान में नाम होना और बीपीएल सूची में शामिल होना दो अलग-अलग प्रक्रियाएं हैं। बीपीएल पात्रता निर्धारित नियमों, सत्यापन और ग्राम सभा की प्रक्रिया के आधार पर ही तय होगी।




