हिमाचल में बदला मौसम का मिजाज, शिमला में झड़ रहा पोलन; बढ़ने लगे चर्म रोग और वायरल के मरीज


हिमाचल प्रदेश में मौसम के करवट बदलने के साथ स्वास्थ्य संबंधी परेशानियां भी बढ़ने लगी हैं। राजधानी शिमला में मौसम में बदलाव के बीच पेड़ों से पोलन झड़ना शुरू हो गया है, जिससे एलर्जी और अन्य स्वास्थ्य समस्याओं के मामले बढ़ रहे हैं। अस्पतालों में चर्म रोग और वायरल संक्रमण से पीड़ित मरीजों की संख्या में भी इजाफा देखने को मिल रहा है।
मौसम में बदलाव के कारण वातावरण में पोलन की मात्रा बढ़ने से कई लोगों को एलर्जी, छींक, नाक बहना, आंखों में जलन और त्वचा संबंधी समस्याएं परेशान कर रही हैं। वहीं, बदलते तापमान और मौसम के उतार-चढ़ाव के बीच वायरल संक्रमण के मामले भी सामने आ रहे हैं।
विशेषज्ञों के अनुसार मौसम बदलने के दौरान लोगों को अपने स्वास्थ्य के प्रति विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है। एलर्जी की समस्या वाले लोगों को पोलन के सीधे संपर्क से बचना चाहिए और बाहर से आने के बाद हाथ-मुंह साफ करने पर ध्यान देना चाहिए। वायरल संक्रमण से बचाव के लिए भी साफ-सफाई और पर्याप्त सावधानी जरूरी है।
स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि मौसम में बदलाव के दौरान लापरवाही करने के बजाय शुरुआती लक्षण दिखाई देने पर चिकित्सकीय सलाह लेना बेहतर है। खासकर बच्चों, बुजुर्गों और एलर्जी से परेशान लोगों को इस दौरान अतिरिक्त सतर्क रहने की जरूरत है।




