जिसके नाम आवास मंजूर हुआ, उसकी पहले ही हो चुकी थी मौत! फिर भी जारी हो गई 65 हजार की किस्त… अब पंचायत सचिव निलंबित

चंबा: प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण (PMAY-G) में मृत व्यक्ति के नाम आवास स्वीकृत करने के मामले में प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की है। ग्राम पंचायत सेईकोठी के तत्कालीन पंचायत सचिव प्रताप सिंह को निलंबित कर दिया गया है। वहीं, संबंधित ग्राम रोजगार सेवक को एक माह का नोटिस जारी कर जवाब मांगा गया है।
मामला चंबा की सेईकोठी पंचायत के ओहला गांव से जुड़ा है। आरोप था कि एक ऐसे व्यक्ति के नाम प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण के तहत सहायता मंजूर की गई, जिसकी पहले ही मृत्यु हो चुकी थी।
शिकायत के अनुसार, वित्त वर्ष 2024-25 की लाभार्थी सूची में लाभार्थी आईडी HP115031476 के तहत नरवाड़ निवासी भागी पुत्र दसरावन का नाम दर्ज था। शिकायतकर्ता ने मृत्यु प्रमाणपत्र का हवाला देते हुए बताया कि भागी की मृत्यु 12 मार्च 2024 को हो चुकी थी।
इसके बावजूद उसके नाम पर 1.30 लाख रुपये की आवास सहायता स्वीकृत की गई और इसमें से 65 हजार रुपये की पहली किस्त भी जारी कर दी गई।
जांच में सामने आईं गंभीर अनियमितताएं
मामले की शिकायत मिलने के बाद बीडीओ तीसा की ओर से जांच कर रिपोर्ट 11 सितंबर को भेजी गई। जांच रिपोर्ट में पीएमएवाई-जी के लाभार्थियों के सत्यापन, अभिलेखों की जांच और निर्धारित प्रक्रिया के पालन में गंभीर अनियमितताएं सामने आने की बात कही गई।
जांच में शिकायत में लगाए गए आरोप सही पाए जाने के बाद कार्रवाई की गई।
पंचायत सचिव निलंबित, रोजगार सेवक को नोटिस
जिला परिषद चंबा के मुख्य कार्यकारी अधिकारी एवं एडीसी अमित मेहरा ने मंगलवार को तत्कालीन पंचायत सचिव प्रताप सिंह के निलंबन के आदेश जारी किए।
वहीं, संबंधित ग्राम रोजगार सेवक को एक माह का नोटिस जारी कर जवाब मांगा गया है। इसके साथ ही बीडीओ तीसा को ग्राम रोजगार सेवक का मौजूदा पंचायत से तत्काल तबादला करने के निर्देश भी दिए गए हैं।
अब मामले में विभागीय जवाब और जारी सरकारी सहायता की वसूली से जुड़े पहलुओं पर आगे की प्रक्रिया होगी। शिकायतकर्ता ने मामले में सरकारी धन की वसूली के साथ दोषियों के खिलाफ आपराधिक कार्रवाई की भी मांग की थी।



